Author: Jansarokar News Desk

77वें गणतंत्र दिवस की सभी देशवासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं जन सरोकार टीम की समाजिक पत्रकारिता को सलाम

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आदमी और जानवर में कौन सबसे अ​धिक वफादार है यह बता पाना बेहद मुश्किल है. जानकार मानते हैं कि जानवर से भी ज्यादा खतरनाक आदमी होता है. जंगल का भी अपना कानून है. आदमी का भी अपना कानून है. लेकिन ना तो जंगल में जनतंत्र कायम है और ना ही आदमी की बस्ती में. मनुष्य और जानवर में संघर्ष इतना तीखा और घात प्रतिघात का हो गया है कि जानवर के सामने मनुष्य ने अपने स्वार्थ के लिए संकट खड़े कर दिए हैं. जानवर, प​क्षियों की प्रजातियां विलुप्त हो रही है. आदमी ने जानवर के सामने मुश्किलों का पहाड़ खड़ा…

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​पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना ज़िले के बनगांव सब-डिवीजन के अंतर्गत गाइघाटा ब्लॉक में स्थित ‘चाँदपाड़ा शिड्यूलड कास्ट एंड ट्राइबल वेलफेयर एसोसिएशन’ एक शक्तिशाली स्तंभ के रूप में खड़ा एक स्वैच्छिक संगठन (NGO) है. यह सिर्फ एक संस्था नहीं है; यह उन अनगिनत लोगों के लिए एक उम्मीद की किरण है, जो लंबे समय से सामाजिक उपेक्षा का सामना कर रहे हैं. ​इस एसोसिएशन का सफर 2005 में शुरू हुआ. यह मात्र समाजसेवा नहीं, बल्कि सामाजिक उत्थान का एक महाकाव्य है-एक ऐसा सफर जो संघर्ष की रात को पार कर समावेशी समाज की सुबह की ओर बढ़ता है.

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मंजूनाथ भजंत्री वर्तमान में रांची के उपायुक्त के रूप में कार्यरत हैं. उनके जीवन की कहानी एक साधारण ग्रामीण पृष्ठभूमि से देश के सबसे प्रतिष्ठित सेवा तक पहुंचने के अटूट संघर्ष और सफलता की मिसाल है. जो विरले ही देखने को मिलती है.

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मार्कंडेय काटजू भारत के प्रसिद्ध न्यायविद्, लेखक, चिंतक और सामाजिक-राजनीतिक विश्लेषक हैं. वे भारत के पूर्व सर्वोच्च न्यायालय के न्यायाधीश और प्रेस काउंसिल ऑफ इंडिया के पूर्व अध्यक्ष रह चुके हैं. उन्हें उनके स्पष्ट, बेबाक और कई बार विवादास्पद विचारों के लिए जाना जाता है.

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ऑगस्टिना सोरेंग झारखंड के सिमडेगा जिले की निवासी एक समाजसेवी और महिला अधिकार कार्यकर्ता हैं. वह विशेष रूप से आदिवासी महिलाओं और लड़कियों के अधिकारों और सशक्तिकरण के लिए काम करती हैं. समुदाय में प्रभाव ऑगस्टिना की (जमीनी स्तर पर काम) सीधे उन समुदायों को प्रभावित करती है जहाँ अक्सर महिलाओं की शिक्षा, अधिकारों की जानकारी, और सुरक्षा जैसी मूलभूत सुविधाएं सीमित रहती हैं.

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2000 के बाद शिवसेना में नेतृत्व और उत्तराधिकार को लेकर मतभेद बढ़े राज ठाकरे बाल ठाकरे के भतीजे हैं. वे एक करिश्माई वक्ता, कलाकार प्रवृत्ति के नेता और महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) के संस्थापक हैं. 2006 में शिवसेना से अलग होकर उन्होंने एमएनएस बनाई. उनकी राजनीति में मराठी भाषा, संस्कृति और शहरी मुद्दों पर जोर दिखता है.

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भारत के चर्चित स्टैंड-अप कॉमेडियन, लेखक और सामाजिक-राजनीतिक व्यंग्यकार हैं. वे अपने तीखे, बेबाक और सत्ता-विरोधी हास्य के लिए जाने जाते हैं. उनकी कॉमेडी अक्सर राजनीति, मीडिया, सत्ता संरचना और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता जैसे मुद्दों पर केंद्रित रहती है. कुणाल कामरा का जन्म 3 अक्टूबर 1988 को मुंबई, महाराष्ट्र में हुआ. उन्होंने मुंबई के जय हिंद कॉलेज में पढ़ाई शुरू की, लेकिन मीडिया और मनोरंजन के क्षेत्र में रुचि के कारण कॉलेज बीच में ही छोड़ दिया. इसके बाद उन्होंने प्रसून पांडे की विज्ञापन कंपनी में प्रोडक्शन असिस्टेंट के रूप में काम किया, जिससे उन्हें रचनात्मक दुनिया की समझ मिली.…

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निधि भसीन भारत की जानी-मानी सामाजिक विकास विशेषज्ञ, CSR और कॉरपोरेट–सोशल पार्टनरशिप की अग्रणी प्रोफेशनल हैं. वे लंबे समय तक NASSCOM Foundation की CEO (Chief Executive Officer) रहीं और भारत में टेक्नोलॉजी आधारित सामाजिक विकास को नई दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई.

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